सीबीआई की चार्जशीट के बाद बदल जाएगा दिल्ली की सियासी गणित?

दिल्ली नगर निगम चुनाव से पहले आम आदमी पार्टी को बड़ी राहत मिली है। सीबीआई ने शुक्रवार को कोर्ट में चार्जशीट दाखिल कर दी है। इसमें कारोबारी विजय नायर समेत सात लोगों को आरोपी बनाया गया है, जबकि डिप्टी सीएम मनीष सिसोदिया को बाहर रखा है। लेकिन सिसोदिया के खिलाफ जांच जारी रहेगी। सीबीआई की चार्जशीट आने के बाद आम आदमी पार्टी केंद्र और भाजपा पर हमलावर हो गई है। मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने कहा कि पूरा केस फ़र्ज़ी।रेड में कुछ नहीं मिला।800 अफ़सरों को 4 महीने जाँच में कुछ नहीं मिला।

किस तरफ जाएगा एमसीडी चुनाव
सीबीआई की चार्जशीट आने के बाद दिल्ली एमसीडी चुनाव में आम आदमी पार्टी और हमलावर होकर भाजपा और केंद्र को घेरने का प्रयास करेगी। दरअसल, दिल्ली शराब नीति मामले में मनीष सिसोदिया पर भाजपा ने घोटाले का आरोप लगाया था। भाजपा हर मंच से सिसोदिया को अब तक घेरती आई है। आम आदमी पार्टी लगातार केंद्र सरकार और भाजपा पर केंद्रीय एजेंसियों के दुरुपयोग का आरोप लगाती आई है। अब सीबीआई की चार्जशीट कहीं न कहीं AAP के दावे पर मुहर लगाने का काम किया है। दरअसल, दिल्ली एमसीडी में भाजपा 15 सालों से काबिज है। लेकिन इस बार चुनावों में आम आदमी पार्टी और भाजपा के बीच सीधी टक्कर देखने को मिल रही है। कांग्रेस दूर-दूर तक नजर नहीं आ रही।

क्या बदलेगा गणित
दिल्ली एमसीडी चुनाव में अब तक भाजपा अपने साइबर योद्धाओं के जरिए लगातार AAP को टारगेट कर रही थी। जनता को केजरीवाल सरकार के 8 साल के कार्यकाल पर निशाना साध रही है। भाजपा लगातार दिल्ली सरकार को घोटाले वाली सरकार बता रही है। लेकिन चार्जशीट में सिसोदिया के नाम नहीं आने पर अब AAP अपने चुनावी कैंपेन को और हमलावर बना सकती है। दिल्ली में कूड़ों के पहाड़ और दिल्ली में गदंगी को लेकर हमलावर AAP को सीबीआई ने नया हथियार दे दिया है। दिल्ली एमसीडी इलेक्शन में महज 8 दिन बाकी हैं। ऐसे में देखना होगा कि केजरीवाल एंड AAP पार्टी इस मामले को कितना भुना पाती है। दिल्ली की जनता को कितना अपनी ओर कर पाएगी। चुनाव के नतीजों के बाद ही साफ होगा।

क्या था पूरा मामला मामला
दिल्ली में 17 नवंबर 2021 को नई शराब नीति लागू हुई थई। इस नीति में 100% शराब ठेके प्राइवेट प्लेयर्स के हाथों दे गईं। इससे पहले, 40% दुकानें खोलने की अनुमति ही ही प्राइवेट ठेकेदारों दी गई थीं, 60% शराब ठेके सरकारी थे। 2 मई 2022 को दिल्ली सरकार के मंत्री समूह (GoM) से पारित नई नीति में शराब की होम डिलिवरी, रात के 3 बजे तक शराब के ठेके खुले रखने, लाइसेंसधारकों को शराब पर अनलिमिटेड डिस्काउंट देने की छूट जैसे प्रस्ताव किए गए थे। दिल्ली में नई शराब नीति से सरकारी खजाने को हुए संभावित घाटे की जांच दिल्ली पुलिस की आर्थिक अपराध शाखा (EOW) ने शुरू की। इस बीच एलजी ने चीफ सेक्रेटरी को मामले की जांच करके रिपोर्ट सौंपने का आदेश दे दिया। तभी सिसोदिया ने 30 जुलाई 2022 को घोषणा कर दी कि 1 अगस्त से दिल्ली सरकार की नई शराब नीति पूरी तरह हटा ली जाएगी और पहले की तरह सिर्फ सरकारी ठेकों पर ही शराब बेचने की अनुमति होगी।

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